बनबसा मे लगने लगा गंदगी का अंबार, पर्यावरण मित्रों का कार्य बहिष्कार जारी, दो संगठनों का एक मे विलय कर कार्यकारिणी गठित कर आंदोलन को तेज किये जाने का किया ऐलान।

➡️ पर्यावरण मित्रों ने राष्ट्रीय वाल्मीकि क्रांतिकारी मोर्चा की स्थानीय इकाई का किया गठन.
➡️ देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ का हुआ सूपड़ा साफ.
➡️ पर्यावरण मित्रों के आंदोलन के चलते बनबसा मे गंदगी के लगने लगे ढेर, मानसून काल मे संक्रामक रोगों के फैलने की बढ़ने लगी संभावनाएं.
➡️ सफाई की कार्यदायी संस्था भी सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने मे नहीं उठा पा रहीं कारगर कदम.

बनबसा (चम्पावत)। शनिवार को समस्त पर्यावरण मित्रों की एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन वार्ड नं 05 मे किया गया। जिसमे सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि अलग-अलग संगठनों को एकजुट करते हुए सभी पर्यावरण मित्र एक मंच एवं एक ही बैनर तले कार्य करेंगे। सभी कर्मचारियों ने राष्ट्रीय वाल्मीकि क्रांतिकारी मोर्चा, शाखा बनबसा को अपना पूर्ण समर्थन देते हुए संगठन को सशक्त बनाने का संकल्प लिया। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि पर्यावरण मित्रों की लंबित मांगों के समाधान तक नगर पंचायत बनबसा क्षेत्र में चल रहा कार्य बहिष्कार पूर्ववत जारी रहेगा।

राष्ट्रीय वाल्मीकि क्रांतिकारी मोर्चा के जिला महामंत्री प्रमोद रत्नाकर के नेतृत्व में राष्ट्रीय वाल्मीकि क्रांतिकारी मोर्चा की शाखा बनबसा की कार्यकारिणी का गठन किया गया। जिसमे सर्व सम्मति से अध्यक्ष सचिन वाल्मीकि, महामंत्री राजन कुमार, वरिष्ठ उपाध्यक्ष राजपाल, उपाध्यक्ष: सौरभ, कोषाध्यक्ष नरेश विश्वकर्मा, मीडिया प्रभारी अर्जुन और संरक्षक धर्मपाल, ओमपाल, सनी देवल वाल्मीकि, अरुन वाल्मीकि, विजय पाल एवं नन्हेंलाल को चुना गया।

गठन के पश्चात बैठक में उपस्थित सभी पर्यावरण मित्रों ने संगठन की एकता, कर्मचारियों के हितों की रक्षा तथा अपनी न्यायोचित मांगों के लिए लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया । लेकिन पर्यावरण मित्रो के आंदोलन के चलते बनबसा से गंदगी और कूड़े के ढेरों की तस्वीरें भी सामने आने लगी हैं।

