शिक्षकों का बड़ा आंदोलन – TET से स्थायी छूट और OPS बहाली की मांग तेज, प्राथमिक शिक्षक संघ ने शिक्षा मंत्री को भेजा ज्ञापन।
टनकपुर (चम्पावत)। उत्तरांचल स्टेट प्राइमरी टीचर्स एसोसिएशन, ब्लॉक कार्यकारिणी शाखा ईकाई टनकपुर ने शिक्षा मंत्री के नाम तहसीलदार पूर्णागिरि के माध्यम से ज्ञापन भेजकर शिक्षा का अधिकार (RTE) अधिनियम लागू होने से पूर्व एवं औपबंधिक व्यवस्था के तहत नियुक्त शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) से स्थायी छूट देने तथा अक्टूबर 2005 के बाद नियुक्त शिक्षकों एवं कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना (OPS) पुनः लागू करने की मांग उठाई है।
ज्ञापन में कहा गया है कि आरटीई अधिनियम लागू होने से पहले नियुक्त शिक्षकों ने तत्कालीन नियमों के तहत नियुक्ति प्राप्त कर वर्षों तक शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। ऐसे शिक्षकों पर वर्तमान में TET की अनिवार्यता लागू करना न्यायसंगत नहीं है। संगठन ने मांग की है कि राज्य सरकार आवश्यक विधिक संशोधन कर इस संबंध में प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजे, ताकि इन शिक्षकों को सेवा एवं पदोन्नति के लिए TET से स्थायी छूट मिल सके।
इसके साथ ही संगठन ने नई पेंशन योजना (NPS) को समाप्त कर अक्टूबर 2005 के बाद नियुक्त सभी शिक्षकों एवं कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना (OPS) बहाल करने की मांग भी दोहराई। ज्ञापन में कहा गया कि सामाजिक सुरक्षा और सम्मानजनक भविष्य सुनिश्चित करने के लिए पुरानी पेंशन व्यवस्था आवश्यक है।
प्रमुख मांगें:-
आरटीई अधिनियम लागू होने से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को TET से स्थायी छूट दी जाए।
आवश्यक विधिक संशोधन कर प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा जाए।
अक्टूबर 2005 के बाद नियुक्त शिक्षकों एवं कर्मचारियों के लिए OPS पुनः लागू कर NPS समाप्त की जाए।
शिक्षकों के सेवा अधिकारों एवं सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु शीघ्र शासनादेश जारी किए जाएं।
शिक्षक संगठन ने उम्मीद जताई कि सरकार उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेकर प्रदेश के हजारों शिक्षकों की लंबे समय से चली आ रही समस्याओं का समाधान करेगी।

