नवजात गोवंश का रेस्क्यू, गौसेवकों की तत्परता से बची जान, पंचमुखी गौशाला टनकपुर में गौसेवकों की सतर्कता और तत्परता का एक सराहनीय उदाहरण आया सामने ।

टनकपुर (चंपावत)। पंचमुखी गौशाला टनकपुर में गौसेवकों की सतर्कता और तत्परता का एक सराहनीय उदाहरण सामने आया है। कुछ दिन पूर्व मिली सूचना के आधार पर गौसेवकों ने एक नवजात गोवंश को संदिग्ध परिस्थितियों में ले जाए जा रहे व्यक्ति के चंगुल से सुरक्षित रेस्क्यू किया।
गौसेवक हेमंत बिष्ट ने बताया कि यह मासूम और बेहद छोटा गोवंश असहाय अवस्था में था, जिसे कथित रूप से गलत इरादे से ले जाया जा रहा था। समय रहते मिली सूचना पर सक्रिय हुए गौसेवकों ने मौके पर पहुंचकर उसे सुरक्षित अपने संरक्षण में लिया और पंचमुखी गौशाला, टनकपुर पहुंचाया।गौशाला प्रबंधन के अनुसार, वर्तमान में नवजात गोवंश पूरी तरह सुरक्षित है और उसका उपचार व देखभाल लगातार की जा रही है। शुरुआत में कमजोर स्थिति में होने के बावजूद अब उसके स्वास्थ्य में काफी सुधार देखा जा रहा है, जो राहत की बात है।
इस घटना को लेकर क्षेत्र में चिंता और आक्रोश भी देखने को मिला है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसे मासूम जीवों के साथ इस प्रकार की घटनाएं समाज के लिए बेहद शर्मनाक हैं और इस पर गंभीरता से विचार करने की आवश्यकता है। गौशाला ट्रस्ट ने आमजन से अपील की है कि वे गौसेवा जैसे पुण्य कार्यों में आगे आएं और असहाय पशुओं की रक्षा में अपना सहयोग दें।

