विरोध प्रदर्शन – ग्राम पंचायत ज्ञानखेड़ा में खनन सामग्री स्टॉक किये जाने का जबरदस्त विरोध, आंदोलन की चेतावनी।
टनकपुर (चम्पावत)। टनकपुर क्षेत्र के ग्राम ज्ञानखेड़ा में आबादी के बीच खनन सामग्री (रेता, बजरी, बैड मेटेरियल आदि) भंडारण का जबरदस्त विरोध फिर से शुरू हो गया हैं। समस्या का समाधान न होने की दशा में ग्रामीणों ने आंदोलन की चेतावनी दी हैं। ग्रामीणों ने आबादी के बीच स्टॉक की अनुमति निरस्त किये जाने की मांग की हैं। ग्राम ज्ञानखेड़ा में आबादी के बीच खनन सामग्री (रेत-बजरी आदि) स्टोर किए जाने को लेकर ग्रामीणों में भारी रोष है। ग्रामीणों का कहना है कि खनन सामग्री की आवाजाही और भंडारण से लगातार शोरगुल बना रहता है, जिससे बच्चों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है, वहीं बुजुर्गों के स्वास्थ्य पर भी इसका नकारात्मक असर पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि खनन सामग्री से उड़ने वाली धूल के कारण सांस संबंधी बीमारियों का खतरा तेजी से बढ़ रहा है। छोटे बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों को खांसी, दमा और एलर्जी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। धूल इतनी अधिक होती है कि घरों के अंदर तक जम गयी है। जेसीबी के चलने से मकानों में दरारें आने लगी हैं।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस संबंध में संबंधित विभाग और प्रशासन को अवगत कराने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इससे ग्रामीणों में नाराजगी और बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही आबादी क्षेत्र से खनन सामग्री का भंडारण नहीं हटाया गया, तो वे मजबूरन आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होंगी।
इस दौरान अनीता मोनी, लछिमा, आशा, लक्ष्मी, सुनीता मोनी, चन्दन विष्ट, दीपक भंडारी, दीपक विष्ट, आशा विष्ट, पुष्पा कोठारी, संजय, प्रेमा देवी, माया भंडारी, जमन सिंह, लीला भंडारी, रमेश चंद्र पंत, मंजू भंडारी सहित तमाम ग्रामीण मौजूद रहे।

